महंगाई का चौका: देशभर में CNG ₹2 महंगी, 11 दिनों में ₹6 बढ़े दाम, दिल्ली-NCR में सबसे ज्यादा असर

पेट्रोल-डीजल के बाद अब गैस की कीमतों ने बिगाड़ा रसोई और सफर का बजट; मिडिल ईस्ट के तनाव से ईंधन बाजार में लगी आग।

26 May 2026  |  102

 

 

नई दिल्ली। आम आदमी की जेब पर महंगाई की मार थमने का नाम नहीं ले रही है। पेट्रोल और डीजल की आसमान छूती कीमतों के बाद अब कंप्रेस्ड नेचुरल गैस (CNG) के दामों में भी भारी बढ़ोतरी की गई है। आज, 26 मई से देशभर में सीएनजी की कीमतों में 2 रुपये प्रति किलोग्राम का इजाफा कर दिया गया है। पिछले महज 11 दिनों के भीतर सीएनजी की दरों में यह चौथी बढ़ोतरी है। इस ताजा वृद्धि के बाद राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सीएनजी की कीमत अब 83.09 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुँच गई है।

11 दिनों में ₹6 की भारी बढ़ोतरी: एक नजर में

ईंधन कंपनियों द्वारा पिछले दो हफ्तों में लगातार किए गए बदलावों ने उपभोक्ताओं को बड़ा झटका दिया है। बीते 11 दिनों का गणित कुछ इस प्रकार है:

15 मई: ₹2 प्रति किलो की बढ़ोतरी

18 मई: ₹1 प्रति किलो की बढ़ोतरी

23 मई: ₹1 प्रति किलो की बढ़ोतरी

26 मई (आज): ₹2 प्रति किलो की बढ़ोतरी

(कुल मिलाकर पिछले 11 दिनों में सीएनजी ₹6 महंगी हो चुकी है।)

दिल्ली-NCR में सबसे ज्यादा असर, ऑटो-टैक्सी चालकों की बढ़ी चिंता

सीएनजी की कीमतों में लगातार हो रही इस बढ़ोतरी का सबसे सीधा और बड़ा असर दिल्ली-एनसीआर (NCR) के इलाकों में देखने को मिलेगा। यहाँ सार्वजनिक और निजी परिवहन का एक बहुत बड़ा हिस्सा—जैसे ऑटो, टैक्सी, ओला-उबर, स्कूल वैन और प्राइवेट कारें—पूरी तरह सीएनजी पर निर्भर हैं।

कमर्शियल चालकों का दर्द:

स्थानीय ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों का कहना है कि सीएनजी के दाम बार-बार बढ़ने से उनकी रोजाना की कमाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है। किराया सीमित होने और ईंधन महंगा होने के कारण उनका घरेलू बजट पूरी तरह चरमरा गया है। जानकारों के मुताबिक, इस बढ़ोतरी से आने वाले दिनों में परिवहन लागत बढ़ेगी, जिसका सीधा असर आम उपभोक्ता की जेब और दैनिक वस्तुओं की कीमतों पर पड़ेगा।

क्यों बढ़ रहे हैं दाम? मिडिल ईस्ट का तनाव है वजह

विशेषज्ञों के अनुसार, ईंधन की कीमतों में आ रहे इस उछाल के पीछे वैश्विक कारण हैं। इस समय मिडिल ईस्ट (मध्य पूर्व) में जारी भू-राजनीतिक तनाव का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय ईंधन बाजार पर पड़ रहा है। 'होर्मुज जलडमरूमध्य' (Strait of Hormuz) में ईरान द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों और सैन्य हलचल के कारण वैश्विक तेल और गैस जहाजों का आवागमन बाधित हुआ है। इसी सप्लाई चेन के प्रभावित होने से बीते सोमवार को पेट्रोल-डीजल के दाम चौथी बार बढ़े थे, और ठीक उसके अगले ही दिन आज सीएनजी की कीमतों में भी यह बड़ा इजाफा देखने को मिला है।

अन्य खबरें