मुंबई:

बॉलीवुड की जानी-मानी अभिनेत्री और निर्देशक सोनी राजदान ने अपनी अभिनय शैली और किरदारों के चयन को लेकर बेबाकी से बात की है। अपने लंबे करियर में '36 चौरंगी लेन', 'सारांश', 'पटियाला हाउस' और 'राजी' जैसी बेहतरीन फिल्मों में नजर आ चुकीं सोनी राजदान ने स्पष्ट किया कि वह एक कलाकार के तौर पर खुद को किसी एक खास इमेज या दायरे में बांधकर नहीं रखती हैं। वह हर रोल को समान ऊर्जा और उत्साह के साथ निभाती हैं।

"दिमाग में कोई फिल्टर या बॉक्स नहीं रखती"

समाचार एजेंसी पीटीआई (PTI) को दिए एक विशेष साक्षात्कार में सोनी राजदान ने अपने अभिनय के नजरिए को साझा करते हुए कहा:

"एक एक्टर के तौर पर, मैं हर रोल को उसी जोश के साथ निभाती हूं। हर किरदार मुझसे या किसी भी कलाकार से अलग-अलग तरह की मांग करता है। मैं बस उसी नजरिए से काम करती हूं। मेरे दिमाग में कोई फिल्टर या पूर्व-निर्धारित बॉक्स नहीं हैं।"

प्रसिद्ध वेब सीरीज 'पंचायत' का जिक्र करते हुए उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा:

"अगर आप कल मुझे 'पंचायत' में भी कास्ट करेंगे, तो मैं उसमें पूरी तरह फिट होकर दिखा दूंगी। आपको शायद शुरुआत में यकीन न हो, लेकिन मैं वे साड़ियां पहनूंगी और यह साबित कर दूंगी कि मैं वह किरदार निभा सकती हूं। बस आपको मुझे उस रोल में रखना होगा।"

थिएटर के दिनों ने सिखाया हर रंग में ढलना

विविधतापूर्ण किरदार निभाने की अपनी क्षमता का श्रेय उन्होंने अपने शुरुआती दिनों को दिया। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने करियर की शुरुआत थिएटर से की थी और महान रंगकर्मी व निर्देशक सत्यदेव दुबे के साथ काम किया था।

सोनी राजदान ने कहा, "मैंने थिएटर के मंच पर हर तरह के किरदार निभाए हैं। किसी भी चरित्र के सांचे में खुद को आसानी से ढाल लेने की मेरी काबिलियत वहीं से आई है।"

'ओम का हरी' में मां सरोज के किरदार में आईं नजर

सोनी राजदान हाल ही में निर्देशक हरीश व्यास की फिल्म 'ओम का हरी' में नजर आई हैं। इस फिल्म में उनके साथ अनुभवी अभिनेता रघुबीर यादव और अंशुमन झा मुख्य भूमिकाओं में हैं।

  • फिल्म की कहानी: यह फिल्म एक जिद्दी पिता (हरिप्रसाद शर्मा) और उनके आजाद ख्यालों वाले बेटे (ओम प्रसाद शर्मा) के रिश्तों के बीच के तनाव पर आधारित है, जो भोपाल से वाराणसी तक अपने वैचारिक मतभेदों में उलझे रहते हैं।
  • सोनी राजदान की भूमिका: फिल्म में उन्होंने हरि की पत्नी और ओम की मां 'सरोज' का किरदार निभाया है, जो पिता और बेटे के बीच के बिगड़े रिश्तों को संभालने और मध्यस्थता करने का काम करती है।

यह फिल्म 18 सितंबर 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है और दर्शकों द्वारा उनके अभिनय को काफी सराहा जा रहा है।