रायपुर / सुकमा (छत्तीसगढ़): उत्तर प्रदेश और बिहार के बाद अब छत्तीसगढ़ के कई जिले भी मूसलाधार बारिश और बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। राज्य में बिगड़े हालात के बीच मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सोमवार को खुद ग्राउंड ज़ीरो पर उतरे और सबसे ज्यादा प्रभावित सुकमा जिले का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने राहत केंद्रों में पहुंचकर प्रभावित लोगों से मुलाकात की और उनका हाल-चाल जाना।

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राहत और बचाव कार्य में न हो कोई कमी — CM का सख्त निर्देश

बाढ़ और जलभराव से उत्पन्न गंभीर स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री साय ने जिला प्रशासन और राहत टीमों को मुस्तैद रहने की हिदायत दी। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही या कमी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार हर प्रभावित परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है और पीड़ितों को हर संभव सहायता दी जाएगी।

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स्वास्थ्य, पेयजल और भोजन की व्यवस्था पर विशेष जोर

राहत शिविरों में की गई व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए मुख्यमंत्री ने प्रशासन से प्रभावित परिवारों को दी जा रही सहायता, भोजन, साफ पेयजल, सुरक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिविरों में रह रहे लोगों को किसी भी आवश्यक वस्तु की किल्लत न होने पाए और बीमारियों के प्रसार को रोकने के लिए चिकित्सा दल लगातार सक्रिय रहें।