पूर्वांचल सूर्य ब्यूरो,टंडवा,चतरा। टंडवा प्रखंड क्षेत्र के सेरनदाग में संचालित हेल्थ केयर सेंटर में प्रसव के दौरान एक नवजात शिशु की मौत हो जाने पर परिजनों ने सेंटर में जमकर बवाल काटा है। परिजनों ने स्वास्थ्य कर्मियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग किया है।





कसियाडीह निवासी यशोदा देवी ने बताया कि वो अपनी बहू संगीता देवी को प्रसव के लिए देर रात जब सेंटर में लेकर आई तब जच्चा बच्चा की स्थिति बिल्कुल ठीक था। सेंटर के एएनएम द्वारा उससे सभी दवाओं को बाहर से मंगवाया,जिसके बाद दो-तीन घंटे बाद स्थिति प्रतिकूल होने पर भी रेफर करने के आग्रह को नकार दिया गया। वहीं मृतक बच्चे के पिता ने भी लापरवाही से बच्चे की मौत होने के आरोप पर जांच की मांग कर कहा कि सेंटर में उपलब्ध आक्सीजन व दवा के पैसे लिया गया।





मामले में पंसस राजेश चौधरी ने कहा कि पदस्थापित प्रभारी पूरे महिने में कभी कभार ही आते हैं। आक्सीजन, इमरजेंसी लाइट व जरुरी दवाओं की घोर कमी है। पूर्व में इस मामले की शिकायत चिकित्सा प्रभारी से की गई थी,जिसे दरकिनार कर दिया गया। विगत महिने ही सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल दो बच्चियों को जब सेंटर में लाया गया था तब भी आक्सीजन उपलब्ध नहीं था,जिससे तड़प-तड़प कर दोनों बच्चियों की दर्दनाक मौत हो गई थी। वहीं दूसरी ओर पदस्थापित एएनएम सुजाता कुमारी ने अपने उपर लगे आरोपों को नकार दिया। जबकि जरुरी सुविधाओं की कमी होने की बातों को स्वीकार किया। वहीं कहा कि नवजात बच्चे को बचाने की उसने भरपूर कोशिश की बावजूद दुर्भाग्यवश मौत हो गई, जिसका खेद है।





इस मौके पर सरपंच राजेश चौधरी, नागेश्वर राम, सुरेश साहू समेत दर्जनों महिला-पुरुष मौजूद थे।