भोपाल: मध्य प्रदेश में प्रशासनिक कसावट और सुशासन को धरातल पर उतारने के लिए राज्य सरकार ने कड़ा कदम उठाया है। अब प्रदेश के कलेक्टर्स, कमिशनर्स और मैदानी अधिकारियों को न केवल दफ्तरों से निकलकर फील्ड पर उतरना होगा, बल्कि अपने काम का पूरा हिसाब 'जन विश्वास पोर्टल' पर दर्ज भी करना होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल खुद हर महीने इस पोर्टल की रिपोर्ट के आधार पर अधिकारियों के प्रदर्शन की समीक्षा करेंगे।
कमजोर प्रदर्शन या फील्ड वर्क में लापरवाही बरतने वाले अफसरों के खिलाफ सीधी कार्रवाई हो सकती है और उनकी कुर्सी भी छिन सकती है।
खत्म हुआ पुराना ढर्रा, अब डिजिटल निगरानी
पूर्व में भी अधिकारियों के लिए मैदानी दौरों और मासिक डायरी जमा करने की व्यवस्था थी, लेकिन समय के साथ यह प्रणाली प्रभावहीन साबित होने लगी थी। इससे जनता और प्रशासन के बीच दूरी बढ़ रही थी।
- पारदर्शिता और जवाबदेही: अब कलेक्टर्स और कमिशनर्स को हर सप्ताह अपने मैदानी निरीक्षणों, समीक्षा बैठकों, जनता की समस्याओं के निवारण और योजनाओं की स्थिति का पूरा ब्योरा फोटोग्राफ्स के साथ जन विश्वास पोर्टल पर अपलोड करना होगा।
- परफॉर्मेंस का पैमाना: अधिकारियों की कार्यक्षमता और उनके प्रमोशन या पदस्थापना का मुख्य आधार अब पोर्टल पर दर्ज रिपोर्ट ही बनेगी।
'जन विश्वास अभियान' से मिला बल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा 7 अगस्त से शुरू किए गए जन विश्वास अभियान के तहत हर शुक्रवार को पूरी प्रशासनिक मशीनरी को जनता के बीच जाकर योजनाओं की जमीनी हकीकत जांचने के निर्देश दिए गए थे। इस पहल के सकारात्मक परिणाम देखने के बाद सरकार ने इसे स्थायी रूप देते हुए निगरानी तंत्र को और सख्त कर दिया है।
जन विश्वास पोर्टल की व्यवस्था एक नज़र में
| बिंदुनई व्यवस्था | |
| जवाबदेही | कलेक्टर्स, कमिशनर्स और जिलास्तरीय प्रमुख अधिकारी |
| रिपोर्टिंग | प्रति सप्ताह जन विश्वास पोर्टल पर दौरों व कार्रवाई का विवरण (तस्वीरों सहित) |
| समीक्षा चक्र | मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव द्वारा प्रतिमाह मंत्रालय स्तर पर समीक्षा |
| असर | मैदानी सक्रियता और शिकायतों के निपटारे के आधार पर तय होगा अधिकारियों का भविष्य |
सरकार का यह स्पष्ट संदेश है कि अब कागजी दौरों से काम नहीं चलेगा; जनता के बीच जाकर समस्याओं का समाधान करना ही अफसरों के परफॉर्मेंस का असली पैमाना होगा।
(यह मध्य प्रदेश प्रशासनिक व्यवस्था से जुड़ी महत्वपूर्ण रिपोर्ट है। शासन की ओर से जारी होने वाले नए दिशा-निर्देशों के साथ खबर को अपडेट किया जाता रहेगा।)





