मुंबई/नई दिल्ली |
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के शताब्दी वर्ष समारोह के दौरान सरसंघचालक मोहन भागवत और मशहूर गायक अदनान सामी की मुलाकात ने एक नए राजनीतिक विवाद को जन्म दे दिया है। महाराष्ट्र कांग्रेस ने इस मुलाकात की तीखी आलोचना करते हुए इसे 'राष्ट्र-विरोधी' करार दिया है।
"पठानकोट हमले के दोषी का परिवार": कांग्रेस का तीखा हमला
कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर एक पोस्ट साझा करते हुए मोहन भागवत के अदनान सामी के साथ भोजन करने पर गंभीर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस के आरोपों के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
ऐतिहासिक संदर्भ: कांग्रेस ने दावा किया कि अदनान सामी के पिता, अरशद सामी खान, पाकिस्तान वायु सेना में पायलट थे।
1965 का युद्ध: पार्टी का आरोप है कि 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान अरशद सामी खान ने पठानकोट हवाई अड्डे पर हमला किया था और उसे भारी नुकसान पहुँचाया था।
RSS पर निशाना: कांग्रेस ने पोस्ट में लिखा, "आज मोहन भागवत उनके बेटे के साथ भोजन का आनंद ले रहे हैं। आरएसएस का यह कृत्य राष्ट्र-विरोधी है।"
अदनान सामी ने की मोहन भागवत की प्रशंसा
विवाद तब शुरू हुआ जब पद्मश्री से सम्मानित गायक अदनान सामी ने फेसबुक पर मोहन भागवत के साथ अपनी तस्वीरें साझा कीं। मुंबई में आयोजित आरएसएस के दो दिवसीय कार्यक्रम में शामिल होने के बाद सामी ने अपने अनुभव साझा करते हुए लिखा:
"आरएसएस के महान सरसंघचालक मोहन भागवत के साथ एक बेहतरीन दोपहर बीती। उन्हें सुनना बेहद आनंददायक था। उन्होंने बड़ी कुशलता से कई मिथकों और गलतफहमियों को दूर किया। वह एक अत्यंत सज्जन व्यक्ति हैं।"
विवाद की पृष्ठभूमि
अदनान सामी, जो मूल रूप से पाकिस्तानी नागरिक थे, ने 2016 में भारतीय नागरिकता प्राप्त की थी। उन्हें भारत सरकार द्वारा नागरिक सम्मान 'पद्मश्री' से भी नवाजा जा चुका है। हालांकि, उनके पारिवारिक इतिहास और उनके पिता की पाकिस्तानी सेना में भूमिका को लेकर कांग्रेस अक्सर भाजपा और दक्षिणपंथी संगठनों को घेरती रही है।
आरएसएस के शताब्दी वर्ष समारोह के बीच आई इस प्रतिक्रिया ने महाराष्ट्र की राजनीति में देशभक्ति और राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर एक नई बहस छेड़ दी है।





