लातेहार।झारखंड के लातेहार जिले के मनिका प्रखंड अंतर्गत स्थित सिंजो पंचायत के जमुना गांव में आदिवासी समुदाय के लोगों ने कांग्रेसियों के गांव में घुसने पर रोक लगा दी है। कांग्रेस नेता अधीर रंजन द्वारा संसद में आदिवासी समुदाय की महिला राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को राष्ट्रपत्नी बोल कर अपमानित करने से आदिवासी समुदाय के लोगों में काफी आक्रोश है। हालांकि,मीडिया के सवालों के बाद कांग्रेस नेता अधीर रंजन ने अपनी गलती मानते हुए यह बयान दिया है कि राष्ट्रपति की जगह राष्ट्रपत्नी गलती से बोल दिए थे। मेरी जुबान फिसल गई थी। इस मामले को लेकर देश भर में कई स्थानों पर लोगों ने प्रदर्शन किया था।जमुना गांव में ग्रामीणों द्वारा किए गए इस फैसले के बाद नेताओं के बीच ये चर्चा का विषय बन गया है।
गांव की दीवारों पर कांग्रेस नेताओं के लिए चेतावनी
जमुना गांव के लोगों ने अपने घरों की दीवारों पर लिखा है कि आदिवासी गौरव द्रौपदी मुर्मू का अपमान नहीं बर्दाश्त होगा। आदिवासी समुदाय को अपमानित करने वाले कांग्रेस पार्टी का इस गांव में प्रवेश करना वर्जित है।सिंजो पंचायत के मुखिया पति सहायक सिंह ने कहा कि कांग्रेसी नेता अधीर रंजन द्वारा आदिवासी समुदाय की महिला राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को अपमानित किया गया है जो बिल्कुल गलत है। कांग्रेस पार्टी अविलंब अधीर रंजन को पार्टी से निष्कासित करे नहीं तो हमारे गांव में कांग्रेस पार्टी के किसी भी कार्यकर्ता का आना वर्जित है। अगर कोई भी कांग्रेसी नेता हमारे गांव में आता है। तो उनके विरुद्ध गांव के लोगों द्वारा कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मौके पर काफी संख्या में गांव के लोग उपस्थित थे।
इस कदम से जिले भर में चर्चा का बाजार गर्म
गांव में कांग्रेसियों के प्रवेश पर रोक लगाए जाने के बाद जिले भर में चर्चाओं का बाजार गर्म रहा। हालांकि मामले को लेकर सत्तापक्ष और विपक्ष के नेताओं ने मीडिया में कोई बयान नहीं दिया,लेकिन किसी भी गांव में पहली बार ग्रामीणों के द्वारा लिए गए इस कड़े फैसले को लेकर पूरे दिन चर्चा होती रही। वहीं कुछ लोगों ने मामले को लेकर गांव की दीवारों पर लिखी बातें और ग्रामीणों की फोटो और वीडियो को इंटरनेट मीडिया पर वायरल किया।





