वाराणसी।बाबा भोलेनाथ की आध्यात्मिक नगरी काशी की दुनियाभर में एक अलग पहचान है।यहां की एक एक गलियों की भी एक अलग पहचान है।काशी के लकड़ी के खिलौनों की भी अपनी खास पहचान है और इन खिलौनों की मांग दुनियाभर में है।श्री काशी विश्वनाथ धाम के लोकार्पण के बाद लकड़ी पर उकेरे गए श्री काशी विश्वनाथ धाम के मॉडल बाबा भोलेनाथ की नगरी काशी आने वाले पर्यटकों की पहली पसंद बन गया है।इसे लोग घर में रखने के लिए खरीद रहे हैं।उपहार में देने के लिए भी इस मॉडल की कॉरपोरेट मांग बढ़ गयी है।

लकड़ी के खिलौने बनाने वाले कारीगर बिहारी लाल अग्रवाल और अमर अग्रवाल ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा धाम के लोकार्पण और इसके प्रचार-प्रसार का फायदा वाराणसी के लकड़ी के खिलौना उद्योग को सबसे अधिक मिल रहा है।इसकी मांग बाहर से भी आ रही है और बनारस आने वाला पर्यटक भी इसे खरीद कर ले जा रहे है।

वाराणसी जिला उपायुक्त उद्योग वीरेंद्र कुमार ने बताया कि वाराणसी के लकड़ी के खिलौने जीआई उत्पाद के रूप में भी शामिल हैं। 13 दिसंबर को श्री काशी विश्वनाथ धाम के लोकार्पण के बाद बाबा धाम में आने श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ी है।वाराणसी में आने वाले पर्यटकों को श्री काशी विश्वनाथ धाम और भगवान शंकर की रंगीन झाकियों की लकड़ी पर उकेरी गई आकृति बेहद पसंद आ रही है।धार्मिक सजावटी सामान में सबसे अधिक मांग वाराणसी के पारंपरिक लकड़ी के खिलौना उद्योग को मिल रहा है।

वीरेंद्र कुमार ने बताया कि पिछले कुछ समय से वाराणसी में लकड़ी के खिलौना उद्योग में बनने वाले श्री काशी विश्वनाथ धाम के मॉडल की मांग अधिक हो रही है और साथ ही प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की परंपरागत पुश्तैनी उद्योग के उत्पादों को उपहार में देने की अपील से भी इसकी बिक्री मे बढ़ोतरी हुई है,जिससे इस उद्योग से मुंह मोड़ चुके लोग फिर से इससे जुड़़ रहे हैं। इससे बड़े पैमाने पर लोगों को रोजगार के अवसर मिल रहे हैं।