वाराणसी। उत्तर प्रदेश पुलिस पर हमेशा आरोप लगते रहते हैं, लेकिन आध्यात्मिक नगरी काशी के चौक पुलिस का मानवीय चेहरा सामने आया है।पुलिस की सक्रियता व कर्तव्य निष्ठा ने एक बुजुर्ग महिला की जान बचाकर यह साबित कर दिया कि हर परिस्थितियों में पुलिस से अच्छा कोई मित्र नहीं है।चौक पुलिस ने काशी की संकरी गलियों में फंसी एक बुजुर्ग महिला के एम्बुलेंस को समय से अस्पताल पहुंंचाने के लिए वीवीआईपी को पास कराते हुए महिला को तत्काल न सिर्फ जाने दिया, बल्कि कुछ सिपाहियों को भेजकर अस्पताल में भर्ती कराकर तुरन्त इलाज शुरू कराया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार गोला दिनानाथ निवासी 65 वर्षीय दुर्गादेवी की सोमवार को तबीयत खराब हो गई। इसके बाद परिजन बुजुर्ग महिला को सेवा सदन अस्पताल में भर्ती कराने के लिए एम्बुलेंस बुलाई।परिजन एम्बुलेंस लेकर काशी की संकरी गलियों में फंस गए।उसी समय चौक क्षेत्र में वीवीआईपी मूवमेंट भी हो रहा था।

मौके पर मौजूद प्रभारी निरीक्षक शिवाकांत मिश्र ने वीवीआईपी को पास कराते हुए परिजनों की परेशानी देखी और फौरन सिपाही शशिकांत सिंह, अवनीश यादव, मो. हफीज व सिपाही विश्वजीत गोसाई को बुजुर्ग महिला को लेकर जा रहे लोगों की मदद करने के लिए कहा।

मामले की गंभीरता को देखते हुए सिपाहियों ने फौरन बुजुर्ग महिला को स्ट्रेचर पर लेटाकर सड़क से लगभग 400 मीटर दूर अस्पताल पहुंचाया,जिसके बाद तुरंत बुजुर्ग महिला का इलाज शुरू किया गया।परिजनों ने पुलिसकर्मियों का धन्यवाद किया। स्थानीय लोग भी पुलिस के कार्य की प्रशंसा कर रहे है।