रांची।झारखंड में रोस्टर क्लीयरेंस रिपोर्ट न मिलने से प्रारंभिक और मध्य विद्यालयों में 25,996 शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया का मामला लटक गया है।शिक्षकों को नए पदों का सृजन किए जाने के बाद सभी जिलों से रोस्टर क्लीयरेंस की रिपोर्ट मांगी गई थी।लगभग डेढ़ महीने बीतने वाला है,लेकिन किसी भी जिले से अंतिम रिपोर्ट नहीं सकी है।जिससे दुर्गापूजा से पहले झारखंड कर्मचारी चयन आयोग को भेजी जाने वाली अधियाचना दीपावली के बाद भी नहीं भेजी जा सकी है।ऐसे मे नवंबर से पहले अधियाचना भेजकर नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करना भी संभव नहीं है।
राज्य सरकार ने अगस्त 2022 में झारखंड के प्राथमिक विद्यालयों (पहली से पांचवीं) में इंडरमीडिएट प्रशिक्षित सहायक आचार्य के 20,825 पद और मध्य विद्यालयों (छठी से आठवीं) तक स्नातक प्रशिक्षित सहायक आचार्यों के 29,175 पद सृजित किए थे। इसके बाद 13 सितंबर को शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने पहले चरण में पहली से पांचवीं में 11 हजार और छठी से आठवीं तक 14,996 शिक्षकों की नियुक्ति करने की मंजूरी दी थी। मंजूरी मिलने के बाद 15 सितंबर को ही सभी जिलों के उपायुक्तों को प्राथमिक शिक्षा निदेशक चंद्रशेखर की ओर से सहायक आचार्य पत पर नियुक्ति के लिए रोस्टर क्लीयर कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा गया। इस प्रक्रिया के लगभग डेढ़ महीने बीतने वाला है,लेकिन जिलों से रिपोर्ट नहीं आ सकी है। शिक्षा विभाग फिर से रिमांडर भेजने की तैयारी कर रहा है।
आपको बता दें कि नवंबर-दिसंबर में नगर निकाय चुनाव होना है और चुनाव आयोग इसकी तैयारी में जुटा है।अगर जिलों से रोस्टर क्लीयर कर प्रस्ताव नहीं आया तो राज्य सरकार द्वारा जेएसएससी को अधियाचना भेजने का मामला आचार सहिंता में फंस सकता है। 15 नवंबर के बाद चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो सकी है, जो दिसंबर तक चलेगी। इससे पहले अगर अधियाचना गई तो जेएसएससी नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करेगा नहीं तो 2023 में ही इसके शुरू होने के आसार हैं।
इस पूरे मसले को लेकर शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने कहा कि सभी जिलो को रोस्टर क्लीयरेंस के लिए पत्र भेजा गया है। रिपोर्ट जल्द आ जाएगी। 15 अक्टूबर तक इसकी अंतिम तिथि थी। फिर से जिलों को रिमांडर भेजा जाएगा और नवंबर के पहले सप्ताह में प्रस्ताव मंगाकर जेएसएससी को नियुक्ति की अधियाचना भेज दी जायेगी।





