शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) द्वारा साझा की गई एक तस्वीर ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नया विवाद खड़ा कर दिया है। सम्मेलन में शामिल विश्व नेताओं की आधिकारिक ग्रुप फोटो को पाकिस्तान पीएमओ के 'X' (ट्विटर) हैंडल से दोनों तरफ से क्रॉप (कट) करके पोस्ट किया गया। इस डिजिटल कलाकारी के ज़रिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन समेत कई प्रमुख नेताओं को तस्वीर से गायब कर दिया गया। हालांकि, फजीहत होने के कुछ घंटों बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने खुद असली और बिना क्रॉप की हुई तस्वीर पोस्ट की।
पाकिस्तान की इस बचकानी हरकत पर भारत में राजनीतिक गलियारों से लेकर कूटनीतिक हलकों तक तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।
भारत की दो टूक प्रतिक्रियाएं
- एकनाथ शिंदे (उपमुख्यमंत्री, महाराष्ट्र): "पाकिस्तान की यह हरकत बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और उसकी पुरानी फितरत का हिस्सा है। भले ही वे तस्वीर से मोदी जी को हटा दें, लेकिन 140 करोड़ भारतीयों के दिलों से उन्हें नहीं मिटा सकते। अगर प्रधानमंत्री मोदी चाहें तो पाकिस्तान को दुनिया के नक्शे से ही गायब कर सकते हैं। पाकिस्तान को भारत के साथ इस तरह के बचकाने खेल नहीं खेलने चाहिए।"
- एम.जे. अकबर (पूर्व विदेश राज्य मंत्री): "पाकिस्तान हर अंतरराष्ट्रीय मंच पर खुद को मज़ाक का पात्र बना लेता है। तस्वीर से पीएम मोदी को काटना और शहबाज शरीफ को बीच में दिखाकर शी जिनपिंग को किनारे करना पाकिस्तान की गहरी हीन भावना (Inferiority Complex) को दर्शाता है। यह घमंड और दिखावा आगे चलकर बेतुके व्यवहार और आतंकवाद के रूप में सामने आता है।"
कूटनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक मंचों पर भारत के बढ़ते प्रभाव और प्रधानमंत्री मोदी की अंतरराष्ट्रीय लोकप्रियता से बौखलाकर पाकिस्तान इस तरह के सस्ते हथकंडे अपना रहा है, जिससे उसकी अपनी ही जगहंसाई हो रही है।





