नई दिल्ली। भारत और रूस के बीच गहरे सांस्कृतिक संबंधों की एक और अनूठी और दिव्य झलक राजधानी दिल्ली में देखने को मिलेगी। भारत में आयोजित हो रहे 'रूसी संस्कृति दिवस' (Russian Culture Days) के अवसर पर आगामी 2 नवंबर को मॉस्को थियोलॉजिकल एकेडमी और होली ट्रिनिटी-सेंट सर्गियस लावरा का ऐतिहासिक संयुक्त गायक-समूह (क्वायर) अपनी जादुई प्रस्तुति से समां बांधने आ रहा है।
यह केवल एक संगीत संध्या नहीं होगी, बल्कि रूस की शताब्दियों पुरानी आध्यात्मिक और संगीतमय धरोहर से रू-ब-रू होने का एक दुर्लभ अवसर होगा। इस क्वायर (गायक-समूह) का इतिहास सन् 1337 से जुड़ा हुआ है, जो इसे दुनिया के सबसे पुराने और प्रतिष्ठित पवित्र संगीत समूहों में से एक बनाता है।
संगीतमय प्रस्तुति और विशेष प्रदर्शनी का आयोजन
इस भव्य सांस्कृतिक संध्या में रूस के सुप्रसिद्ध चर्च संगीतकारों द्वारा रचित भजनों और पारंपरिक धार्मिक भजनों की गूंज सुनाई देगी। इसके अलावा, क्वायर अपने देश के प्रसिद्ध लोकगीतों और देशभक्ति के तानों को भी भारतीय दर्शकों के समक्ष पेश करेगा।
इसी आयोजन के दौरान एक विशेष कला प्रदर्शनी का भी भव्य उद्घाटन किया जाएगा:
- प्रदर्शनी का शीर्षक: ‘पूरी दुनिया की शांति के लिए’ (For the Peace of the Whole World)
- समर्पण: यह प्रदर्शनी मॉस्को और पूरे रूस के पैट्रिआर्क किरिल (Patriarch Kirill) की जयंती को समर्पित है।
| कार्यक्रम विवरण | मुख्य बिंदु |
| कार्यक्रम | 'रूसी संस्कृति दिवस' के तहत क्वायर कॉन्सर्ट एवं प्रदर्शनी |
| आयोजन तिथि | 2 नवंबर |
| स्थान | इंडिया हैबिटेट सेंटर (IHC), नई दिल्ली |
| प्रेस कॉन्फ्रेंस समय | शाम 06:15 बजे |
| मुख्य आकर्षण | 1337 से चली आ रही परंपरा के रूसी धार्मिक, लोक व देशभक्ति गीत |
प्रेसब्रीफिंग में दिखेगी भारत-रूस सांस्कृतिक सांझ की झलक
कार्यक्रम की जानकारी और इस ऐतिहासिक सांस्कृतिक आदान-प्रदान के महत्व को साझा करने के लिए 2 नवंबर की शाम 6:15 बजे इंडिया हैबिटेट सेंटर में एक विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई गई है।
इस प्रेसब्रीफिंग में:
- गायक-समूह के ऐतिहासिक सफर और उसके कलात्मक उद्देश्यों पर प्रकाश डाला जाएगा।
- भारत में 'रूसी संस्कृति दिवस' की प्रासंगिकता और दोनों देशों के दोस्ताना संबंधों पर चर्चा होगी।
- मुख्य उपस्थितियाँ: भारत में रूसी दूतावास के वरिष्ठ राजनयिक, होली ट्रिनिटी-सेंट सर्गियस लावरा के क्वायरमास्टर हियरोमोनक नेस्टर और इंडिया हैबिटेट सेंटर के निदेशक प्रो. के. जी. सुरेश।
यह आयोजन कला, धर्म और संस्कृति के प्रेमियों के लिए एक बेहद खास अनुभव साबित होने वाला है, जहाँ संगीत की कोई सीमा न होकर केवल शांति और सद्भाव का संदेश होगा।
#RussianCultureDays #MoscowTheologicalAcademy #HolyTrinityStSergiusLavra #DelhiEvents #IndiaHabitatCenter #RussianMusic #DelhiCulturalEvents #PatriarchKirill #RussianEmbassyIndia





