रांची।झारखंड की राजधानी रांची के स्टेशन रोड स्थित एक होटल में दो हत्या का मामला सामने आया है।जहां होटल में रुके हजारीबाग के इचाक निवासी नागेश्वर मेहता और उनके बेटे अभिषेक की गला रेतकर हत्या कर दी गई। दोनों का शव रविवार को होटल के कमरा नंबर 201 से बरामद हुआ है। एसएसपी ने पूरे मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया है।
नागेश्वर के पड़ोसियों का कहना कि वो बेटे के डी-फर्मा में साक्षात्कार के लिए रांची आए थे और रविवार को ही इंटरव्यू होना था।मगर पुलिस की तहकीकात में ये बात सामने आई है कि नागेश्वर बेटे के साथ शनिवार की शाम बेटी के रिश्ते के सिलसिले में रांची आए थे।यहां स्टेशन रोड स्थित होटल शिवालिक में रुक हुए थे।दोनों से मिलने के लिए रविवार सुबह उनके होने वाले दामाद चंदन पहुंचे थे।मुलाकात के बाद चंदन चले गए और शाम पांच बजे वह दोबारा फिर पहुंचकर कमरे में गए तब देखा कि दोनों के शव बिस्तर पर पड़े है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद एसएसपी सुरेंद्र कुमार झा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और छानबीन शुरू की। इसके बाद पुलिस ने चंदन को हिरासत में लिया।पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।पुलिस को आशंका है कि हत्या से पहले पिता और पुत्र को नशीला पदार्थ दिया गया। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए रिम्स भेज दिया गया है।एफएसएल टीम भी मौके पर पहुंची।टीम होटल के कमरे से अंगुलियों के निशान के अलावा कई चीजें जब्त कर साथ ले गयी।
होटल के सीसीटीवी कैमरे से मिली कई अहम जानकारी
घटना के बाद पुलिस टीम होटल और उसके आसपास में लगे सीसीटीवी कैमरेसे फुटेज खंगाल रही है।पुलिस पता कर रही है कि कमरा नंबर 201 में सुबह से शाम तक कौन-कौन पिता-पुत्र से मुलाकात की।होटल के कैमरे से पुलिस को कई अहम जानकारी भी मिली है।
एसआईटी का गठन
एसएसपी सुरेंद्र कुमार झा ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए है जांच के लिए एसआईटी का गठन किया है।सिटी एसपी के नेतृत्व में गठित इस टीम में सिटी डीएसपी, चुटिया थानेदार के अलावा अन्य को शामिल किया गया है।एसआईटी ने जांच शुरू कर दी है।
मिली जानकारी के अनुसार नागेश्वर के बड़े भाई रमेश प्रसाद मेहता के बेटे रंजीत कुमार की भी हत्या 10 महीने पहले गांव में हुई थी।इस सदमे से परिजन अभी उबर भी नहीं पाए थे कि अचानक नागेश्वर और उनके बेटे की निर्मम हत्या राजधानी रांची में कर दी गई।बाप बेटे की हत्या ने पूरे इचाक प्रखंड के लोगों को झकझोर कर रख दिया है।हत्या की खबर रविवार शाम को गांव पहुंची तो दरिया, पोखरिया, जगड़ा, जोगीड़ी, कालाद्वार, रतनपुर, मनाई, सयाल कला, सयाल खुर्द और बरककला के अलावा अन्य गांव के लोग नागेश्वर के घर पर पहुंचने लगे।
लोगों कहना था कि रमेश का पुत्र रंजीत भी पढ़ाई-लिखाई में अत्यंत ही मेधावी था।रंजीत का पार्टनरशिप में व्यवसाय था। साजिश के तहत रंजीत की हत्या शराब पिलाकर 25 सितंबर 2021 को कर दी गयी थी। इन हत्याओं ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। रंजीत के परिजनों ने इचाक थाने में आवेदन देकर बेटे की हत्या की साजिश रचने में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी की गुहार लगायी थी। पुलिस मामले को सुलझा पाती इससे पहले रंजीत के चाचा नागेश्वर और अभिषेक की हत्या से लोग स्तब्ध हैं।





