पूर्वांचल सूर्य प्रतिनिधि,लोहरदगा।राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार नई दिल्ली और झालसा रांची के निर्देशानुसार शनिवार को वर्ष का अंतिम राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सौजन्य से सिविल कोर्ट परिसर में किया गया।कार्यक्रम का उद्घाटन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह डालसा अध्यक्ष राजकमल मिश्रा, प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय सुभाष,उपायुक्त डाॅक्टर बाघमारे प्रसाद कृष्ण,पुलिस अधीक्षक हारिस बिन जमां, जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष प्रमोद कुमार पुजारी और बैंक ऑफ इंडिया के जोनल मैनेजर ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।
आयोजन में बताया गया कि इस बार राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल छह बेंचो का गठन किया गया था।वहीं बेंच संख्या 1 बिजली से संबंधित वादों के लिए डीजे प्रथम अखिलेश कुमार तिवारी के नेतृत्व में गठित किया गया। साथ ही बेंच संख्या 2 मोटर वाहन दुर्घटना,पारिवारिक विवाद,सिविल अपील जैसे वादों के केस निपटारे के लिए डीजे टू नीरजा आसरी,बेंच संख्या 3 क्रिमिनल कंपाउंडेडल केसेज,माइंस एंड मिनरल्स, एक्साइज केसेज,एनआई एक्ट,मिनिमम वेजेस एक्ट जैसे वादों के निपटारे के लिए सब जज द्वितीय अर्चना कुमारी,बेंच संख्या 4 एमवी एक्ट,म्युनिसिपल लॉ,रेवेन्यू केसेज आदि मामलों के लिए सीजेएम सह एसीजेएम सिविल जज सीनियर डिविजन द्वितीय कृष्ण कांत मिश्रा, बेंच संख्या 5 बैंक संबंधी मामलों के लिए एसडीजेएम अमित कुमार गुप्ता और बेंच संख्या 6 कंज्यूमर फोरम से संबंधित मामलों के लिए कंज्यूमर फोरम सदस्य नन्दलाल प्रसाद के नेतृत्व में गठन किया गया था।
इस अवसर पर पीडीजे ने कहा कि लोक अदालत में छोटे- छोटे मामलों का निष्पादन किया जाता है। वहीं एक दिन में ही मामला समाप्त हो जाता है। राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल संचालन के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार लोहरदगा के सचिव राजेश कुमार अपनी पूरी टीम के साथ मुस्तैद रहे।वहीं उन्होंने आंकड़ों की जानकारी देते हुए कहा कि इस बार राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 1446 केसों का निष्पादन किया गया, जबकि 1,55,94,249 रूपए की वसूली अर्थदंड के रूप में की गई। निस्तारित किए गए वादों में कुल 256 वाद विभिन्न न्यायालयों में लंबित थे।
इस मौके पर एसडीओ अमित कुमार,अधिवक्ता संघ के सचिव लाल दीपक कुमार,एलएडीसीएस के अधिवक्ता,मध्यस्थता केंद्र के अधिवक्ता,विभिन्न बैंकों और विभागों के पदाधिकारी, पीएलवी सहित वादों के निष्पादन के लिए पहुंचे लोग उपस्थित थे।





