रांची।झारखंड में केंद्रीय एजेसियों की छापेमारी और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के समन भेजे जाने के खिलाफ शनिवार को झारखंड मुक्ति और कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने पूरे राज्य में प्रदर्शन किया।सभी जिला मुख्यालयों में कलेक्ट्रेट में धरना दिया गया।धरने को संबोधित करते हुए यूपीए के नेताओं ने केंद्र सरकार और भाजपा पर जमकर हमला बोला।कई जगह धरना-प्रदर्शन में राज्य के मंत्री भी शामिल हुए।पलामू, संताल, कोयलांचल और कोल्हान के जिला मुख्यालयों में धरना-प्रदर्शन में भारी संख्या में लोग जुटे।राजधानी रांची में राजभवन के सामने यूपीए के नेता धरने पर बैठे।पलामू में आयोजित धरना-प्रदर्शन में कृषि मंत्री बादल पत्रलेख भी शामिल हुए।





गढ़वा में धरना-प्रदर्शन को पेयजल व स्वच्छता मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने संबोधित करते हुए कहा कि झारखंड सहित अन्य राज्यों में भाजपा को मिली हार से केंद्र सरकार बौखला गई है।जनता की चुनी हुई गरीब गुरबों, झारखंडी जनमानस की सरकार को केंद्र सरकार अस्थिर करने पर तुली हुई है। यह स्वस्थ लोकतंत्र के लिए ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि जनता सबकुछ समझ रही है। आगामी विधानसभा चुनाव में जनता सबक सिखाएगी। भाजपा दहाई अंक भी पार नहीं करेगी।







प्रदर्शनकारियों को हर जिले में वहां के नेताओं ने संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा के लोग ईडी, सीबीआई, आईटी की आड़ में लोकतांत्रिक रूप से सत्ता में आई हेमंत सरकार को डराने और अस्थिर करने का प्रयास कर रहे हैं। यूपीए गठबंधन की सरकार गांव-गांव पहुंच कर योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचा रही है। लोगों की जिन मांगों पर सत्ता में रहकर भाजपा राजनीतिक रोटियां सेकती आई उनको हेमंत सरकार ने एक-एक करके पूरा कर दिया है। भाजपा को अपनी राजनीतिक जमीन खिसकती दिखाई दे रही है।