पूर्वांचल सूर्य प्रतिनिधि,उधवा/साहिबगंज। झारखंड के इकलौते उधवा झील पक्षी आश्रयणी में पक्षियों की गणना की गई।एशियन वाटर बर्ड सेंसस की टीम ने उधवा पहुंचकर पक्षियों की गणना की। उनके हैबिटेट का आकलन किया।
गणना के दौरान इस वर्ष माइग्रेटरी बर्ड के साथ स्थानीय पक्षी भी काफी संख्या में मिले हैं। झील में माइग्रेटरी बर्ड सेंट्रल एशिया मंगोलिया और साइबेरिया क्षेत्र से पहुंचे हैं। उधवा पक्षी आश्रयणी में कुल 50 से अधिक प्रजाति के वाटर बर्ड और वाटर डिपेंडेंट बर्ड मिले हैं। लगभग 25 हजार से ज्यादा पक्षी इस साल पहुंचे हैं। एडब्लूसी की टीम को इस बार बताया कि इस वर्ष नए पक्षी के रूप में ब्लैक बिटर्न नामक पक्षी उधवा झील में दिखा है।
झराखंड एडब्लूसी के स्टेट कॉर्डिनेटर डॉ. सत्य प्रकाश ने बताया कि बरहेल में 8 हजार, पतौड़ा में 2 से ढाई हजार, पुरीलिया में भी लगभग 8 हजार पक्षी देखे गए हैं। पहली बार उधवा में ब्लैक बिटर्न मिला है।हजारों कॉमन टिल,नॉर्दन पिनटेल भी मिला है।यहां अच्छी संख्या में पक्षी मिले हैं।
बिहार एडब्लूसी स्टेट कोऑर्डिनेटर अरविन्द मिश्रा ने बताया कि उधवा एक गजब की जगह है। यहां के पतौड़ा झील में पक्षियों का जुटान अलग तरीके का है,प्रजातियां अलग हैं। कम गहराई वाली झील बरहेल में पक्षियों की विविधता ज्यादा और अनोखी है। बरहेल झील से सटे पुरोलिया झील में 10 हजार के करीब झुंड में पक्षियों का दिखना पक्षी विशेषज्ञों को आश्चर्य में डाल रहा है। बड़े-बड़े पक्षी अभ्यारण्य में भी इतने पक्षियों की कल्पना नहीं कर सकते। पतौड़ा, बरहेल व पुरुलिया व आसपास 20 हजार की संख्या में पक्षी आप आराम से देख सकते हैं। लोगों को पता नहीं है कि इस इलाके में भी पक्षियों की इतनी समृद्धि है। तीन दिनों के अंदर यहां यहां प्रवासी पक्षियों में कॉमन टेल, पिन टेल, रेड कैस्टर पोचार्ड, गार्डवाल सहित इतने पक्षी यहां आ रहे हैं। ब्लैक नेक स्टर्ड भी यहां आ रहा है। आज ब्लैक बिटर्न भी दिखा जो उधवा के लिए नई प्रजाति है। उधवा अदभुत जगह है।
सर्वे टीम में इंडियन बर्ड कंजर्वेशन नेटवर्क मेम्बर अमित जैन, मुरारी सिंह, वन प्रमंडल पदाधिकारी प्रबल गर्ग, उप वन परिसर पदाधिकारी इंद्रजीत भारती, बर्ड वाचर कामदेव कुमार, मनीष कुमार चौधरी, डॉल्फिन प्रहरी अजीजूर रहमान और वन कर्मी कुंदन कुमार शामिल थे।
सभी शामिल सदस्यों के अनुसार इस वर्ष सबसे अधिक प्रवासी पक्षी जैसे रेड क्रेस्टेड पोचार्ड, पर्पल हेरोन, लेसर एडीजूटेंट, ग्रे हीरोंन, ब्लैक हेडेड गल, ब्राउन हेडेड गल, नॉर्दर्न पिंटेल, गार्गिनी, गडवाल, वाइट आई पोचार्ड, ग्रे वेग़टेल, वुड सेंड पाइपर, कॉमन कूट एवं यूरेसियन मार्श हैरियर जैसे अन्य पक्षिओं का झुंड देखा गया है।





