धनबाद। गैंग्स ऑफ वासेपुर के फहीम खान और उसके बेटे इकबाल खान को शनिवार को अदालत से बड़ी राहत मिली है।रंगदारी और फायरिंग के दो विभिन्न मामलों में अदालत ने फैसला सुनाया।प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी मनोज कुमार इंदवार की अदालत ने रंगदारी मांगने के मामले में फहीम खान को बरी कर दिया है।
वहीं वासेपुर में सरेआम फायरिंग करने के मामले में जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजकुमार मिश्रा की अदालत ने इकबाल खान को बरी कर दिया है।मामलों में आरोपी फहीम खान और इकबाल खान की ओर से अधिवक्ता शाहबाज सलाम ने पैरवी करते हुए कहा था कि केवल संदेह के आधार पर किसी के विरुद्ध मुकदमा नहीं चलाया जा सकता। अभियोजन दोनों ही मामलों में आरोप को संदेह से परे साबित करने में असफल हुआ है।
फहीम खान के खिलाफ रंगदारी मांगने का आरोप लगाया गया था। 11 दिसंबर 2013 को बैंक मोड़ के तत्कालीन थाना प्रभारी रमेश कुमार के स्वलिखित बयान पर हजारीबाग जेल मे बंद फहीम खान के विरुद्ध एफआईआर बैंक मोड़ थाने में दर्ज की गई थी और पुलिस ने आरोप लगाया था कि जेल में बंद फहीम ठेकेदारों एवं कारोबारियों से रंगदारी की मांग कर रहा है। इससे कारोबारियों में दहशत है।
इधर इकबाल पर सरेआम फायरिंग का आरोप लगाया गया था। तत्कालीन बैंक मोड़ थाना प्रभारी अशोक सिंह की शिकायत पर इकबाल के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई थी। प्राथमिकी के मुताबिक 26 फरवरी 2016 की शाम सात बजे इकबाल ने वासेपुर आरा मोड़ के समीप भीड़ वाले इलाके में छह राउंड गोली फायरिंग की थी, जिससे वहां के स्थानीय लोगों व दुकानदारों में दहशत मच गया था। फहीम खान को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत के समक्ष पेश किया गया।





