प्रतिनिधि,चतरा। चतरा व पलामू के सीमावर्ती क्षेत्र में चतरा पुलिस व प्रतिबंधित नक्सली संगठन टीएसपीसी के 15 लाख के इनामी रिजनल कमाण्डर आक्रमण एवं 10 लाख के इनामी जोनल कमाण्डर शशिकांत उर्फ आरिफ के दस्ता के साथ भीषण मुठभेड़ हुई है।





इस आशय की जानकारी देते हुए चतरा के पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन ने बताया कि सूचना मिली कि नक्सली संगठन टीएसपीसी का दस्ता किसी बड़ी घटना को अंजाम देने के लिए चतरा जिले के कुंदा थाना क्षेत्र के ग्राम-बरुरा, अनगड़ा, नागद, एवं पलामु जिला के सीमावर्ती जंगली क्षेत्रों में एकत्रित है। इस सूचना का सत्यापन हेतु एक टीम का गठन किया गया। टीम में चतरा पुलिस कोबरा 209 एवं झारखण्ड जगुआर एजी 25 को शामिल किया गया था।





एसपी ने बताया कि अभियान के क्रम में जैसे ही पुलिस अनगड़ा गाँव के आगे के जंगली क्षेत्रो में पहुँचे तो अचानक पुलिस को अपनी ओर आता देख नक्सलियों द्वारा पुलिस पार्टी को लक्षित कर फायरिंग की जाने लगी। पुलिस बल द्वारा जवाबी कार्रवाई करते हुए पुलिस बल द्वारा नियंत्रित फायरिंग की गई। उसके उपरांत टीएसपीसी उग्रवादी जंगल का लाभ उठाकर भाग निकले। उग्रवादियों द्वारा फायरिंग की जाने वाली दिशा में चेकिंग एवं तलाशी किया गया जिसमें कई समान बरामद हुआ।





एसपी रंजन ने बताया कि घटनास्थल से नक्सलियों का वॉकी टॉकी-01 एवं वायर 1,आर्मी पेटरनल क्लोथ,मोबाईल- 02 चार्जर, सोलर प्लेट 021,खाना पकाने का बर्तन,स्टील प्लेट-08,चावल-20 किलो,ताजा सब्जी,कम्बल,सिविल कपड़ा,10 पिट्ठु बैग -01 एवं दैनिक प्रयोग का सामान बरामद किया गया है।





पत्रकारों से बात करते हुए एसपी रंजन ने बताया कि झारखण्ड सरकार ने राज्य को नक्सल मुक्त राज्य बनाने का संकल्प लिया है। इसी संकल्प को धरातल पर उतारने के लिए महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक, झारखण्ड, राँची के निर्देशन में नक्सली संगठनों के खिलाफ चौतरफा कार्रवाई की जा रही है। इस दिशा में पुलिस को नक्सली संगठनों के विरुद्ध निरंतर सफलताएं भी मिल रही है।





एसपी रंजन ने बताया कि टीपीसी के रिजनल कमाण्डर आक्रमण गंझू एवं सब जोनल कमाण्डर शशिकान्त उर्फ आरिफ के दस्ता के साथ पूर्व में भी बीते 3 फरवरी 2021 एवं 29 अगस्त 2021 को मुठभेड़ हुई है।मुठभेड़ के क्रम में कई हथियार, गोलियां बरामद किया गया था। साथ ही विगत कुछ माह में टीएसपीसी संगठन के कई नक्सलियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया है।





एसपी राकेश रंजन ने नक्सलियों से अपील करते हुए कहा कि नक्सलियों का समय खत्म हो चुका है। ये किसी न किसी दिन पुलिस की गोली का शिकार होगे। इससे पूर्व यह आवश्यक है कि वे झारखण्ड पुलिस के आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति नई दिशा का लाभ लेकर मुख्य धारा से जुड़े अन्यथा कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई के लिए तैयार रहे। साथ ही जिस तरह से ईनामी नक्सली गौतम पासवान, सहदेव यादव एवं अन्य नक्सलियों के घरों की कुर्की की गयी है, उसी तरह शेष वांछित फिरार नक्सलियों के विरूद्ध भी कुर्की की कार्रवाई की जाएगी।