पुरुलिया।झारखंड की ओर से भागे जंगली हाथियों के झुंड से बिछड़े एक हाथी ने रविवार की सुबह बाघमुंडी प्रखंड के झारखंड से सटे क्षेत्र में प्रवेश किया, जिससे गांवों में दहशत फैल गई। एक किसान बाल-बाल बच गया।
घटना पुरुलिया के बाघमुंडी प्रखंड के तुंतुरी सुईसा क्षेत्र के गागी गांव से जुड़े गागी रेलवे फाटक के सामने अचानक रास्ते पर दल से बिछड़ा एक हाथी के सामने दौड़ता हुआ आ जाने से एक किसान बाल-बाल बच गया।घटना को लेकर कई ग्रामीण दहशत में हैं।
गांव के किसान महेश्वर कोईरी ने रविवार को कहा कि मैं साइकिल से अपने दैनिक बाजार सुईसा नेताजी बाजार जा रहा था। तभी रास्ते में एक जंगली हाथी आ गया, मैं कद्दू को अपनी साइकिल पर छोड़कर डर के मारे भाग गया,लेकिन उस जंगली हाथी ने मेरी साइकिल और लौकी को नष्ट कर दिया।मैं गरीब किसान कृषि ऋण लेकर उगाई गई लौकी को बाजार में बेचने जा रहा था और मुझे बहुत दुख हुआ कि यह घटना हो गई।इसलिए मीडिया के जरिये मदद की गुहार लगाता हूं।उधर, गागी से सटे जंगलों में बाघमुंडी वन क्षेत्र के कालीमाटी बीट कार्यालय के वनकर्मी व हुला पार्टियों द्वारा सुबह से पहरा दिया जा रहा है और लोगों को बार-बार जंगल में न घुसने की चेतावनी दी जा रही है।
स्थानीय और वन विभाग के सूत्रों के अनुसार समूह से बिछड़ा हाथी किसी तरह का नुकसान ना कर सके, इसके लिए उनकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए बड़ी संख्या में वन कर्मचारियों और हुला पार्टियों का पहरा दिया जा रहा है।ताकि वहां किसी को कोई खतरा न हो, इसके लिए बार-बार विशेष जागरुकता भी फैलाई जा रही है।स्थानीय लोगों के अनुसार, जंगली हाथियों का एक समूह तुंतुरी सुइसा क्षेत्र से पूरे झारखंड में दौड़ता हुआ आया और दहशत में है।तुंतुरी सुईसा क्षेत्र में सुवर्णरेखा नदी के किनारे स्थित गांव से सटे जंगल में जंगल से सटे गांवों में दहशत का माहौल है।





