वाराणसी‌।आध्यात्मिक नगरी काशी के श्रृंगार गौरी-ज्ञानवापी मामले में वादी पक्ष की राखी सिंह ने अपना नाम केस से वापस न लेने का ऐलान किया है।इसकी पुष्टि राखी सिंह के अधिवक्ता शिवम गौड़ ने मीडिया से बातचीत करते हुए किया है।आज सोमवार प्रतिवादी पक्ष की अधिवक्ता कमिश्नर बदलने की याचिका पर सुनवाई है।ज्ञानवापी वाले मामले में सुनवाई के लिए 12 बजे का समय निर्धारित था,लेकिन अभी एक पक्ष पहुंचा नहीं है। अदालत ने अब 2 बजे तक का समय दिया है।





कोर्ट के बाहर अधिवक्ता शिवम गौड़ ने आज की सुनवाई को लेकर बताया कि हम लोग कोर्ट में बहस के दौरान ये बताएंगे कि किस तरह से बार-बार कोर्ट को गुमराह करने का प्रयास किया जा रहा है। 18 अगस्त को जब आदेश आ गया था तो उसके बाद भी आपत्ति दर्ज कराई जा रही है।प्रतिवादी पक्ष के लोग जानबूझकर बार-बार वीडियोग्राफी सर्वे नहीं कराए जाने को लेकर आपत्ति जता रहे हैं।यही इनका प्रमुख उद्देश्य है।





अधिवक्ता शिवम गौड़ ने बताया कि प्रतिवादी पक्ष हर तरीके का नैतिक अनैतिक प्रयास कर रहा है। 200 कि संख्या में जुटकर हल्ला मचाया, जब प्रोसिडिंग बनाई गई है कि सिर्फ़ 28 आदमी कमिश्नर की करवाई के समय मौजूद रहेंगे तो फिर इन्होंने इतनी भीड़ क्यों जुटाई। उनके पास असलहा था या नहीं हमे तो इसकी भी जानकारी नहीं है।हम आज इन्ही मुद्दों को सुनवाई के दौरान रखेंगे।





अधिवक्ता शिवम गौड़ ने बताया कि राखी सिंह के केस वापस लेने की तो ये निराधार बात है।राखी सिंह अपना केस वापस नहीं ले रही हैं।राखी सिंह इस केस को पूरी तरह से लीड करेंगी।यह किसी ने अफवाह फैलाई थी। उन्होंने कहा कि मैं पुष्टि करता हूं कि राखी सिंह केस लड़ेंगी।