नई दिल्ली। देश के युवाओं (Gen Z) के बीच पैठ मजबूत करने की रणनीति के तहत कांग्रेस पार्टी ने अब कानूनी क्षेत्र से जुड़े युवाओं को साथ जोड़ने की बड़ी कवायद शुरू की है। पार्टी आलाकमान की इस नई पहल के तहत कांग्रेस के 'कानून, मानवाधिकार और RTI विभाग' के प्रमुख डॉ. अभिषेक मनु सिंघवी ने एक विशेष पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत की है। इसी सिलसिले में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने युवा वकीलों के एक प्रतिनिधिमंडल से लंबी मुलाकात और चर्चा की।
क्या है 10 वकीलों का पायलट प्रोजेक्ट?
- सांसदों के साथ इंटर्नशिप: लीगल सेल ने देशभर से 10 होनहार युवा वकीलों को इंटर्नशिप के लिए चुना है, जिन्हें कांग्रेस के 10 सांसदों के साथ टैग किया जाएगा।
- लीगल असिस्टेंस: ये युवा वकील पार्टी के सांसदों को विधाई (Legislative) और कानूनी मामलों में तकनीकी सहायता प्रदान करेंगे।
- सदस्यता का विकल्प: फिलहाल ये युवा किसी राजनीतिक दल के सदस्य नहीं हैं। भविष्य में अगर वे कांग्रेस की विचारधारा और नीतियों से सहमत होते हैं, तो उन्हें पार्टी का आधिकारिक सदस्य भी बनाया जाएगा।
- विस्तार की योजना: इस पायलट प्रोजेक्ट की सफलता के बाद इस व्यवस्था को पार्टी के सभी सांसदों के लिए लागू करने की योजना है।
15 मिनट की तय बैठक डेढ़ घंटे तक चली
अभिषेक मनु सिंघवी ने इस विषय पर चर्चा के लिए राहुल गांधी से 15-20 मिनट का समय मांगा था, लेकिन युवा वकीलों के तीखे सवालों और संवाद के कारण यह बैठक लगभग सवा घंटे (90 मिनट) तक चली। सिंघवी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर पोस्ट कर बताया कि यह संवाद संविधान और न्याय के प्रति साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
राहुल गांधी के संबोधन की 3 प्रमुख बातें
- विचारधारा और आलोचना का सम्मान: राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी हर विचार और आलोचना को जगह देती है। हिंदुत्व (Hinduism) का मूल दर्शन भी यही सिखाता है कि सभी दृष्टिकोणों का स्वागत किया जाए।
- शोषितों और गरीबों की राजनीति: उन्होंने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि राजनीति हमेशा गरीब, दलित, आदिवासी, अल्पसंख्यक और पीड़ितों के उत्थान के लिए होनी चाहिए। उन्होंने युवाओं को तुरंत किसी दल में शामिल होने की बजाय पहले सामाजिक मुद्दों पर काम करने की सलाह दी।
- मुफ्त कानूनी सहायता का संकल्प: राहुल ने भविष्य के इन वकीलों से कमिटमेंट मांगा कि वे अपने पेशेवर करियर में से कुछ समय समाज के जरूरतमंद और गरीब लोगों को कानूनी मदद देने के लिए समर्पित करेंगे।





