राजा राममोहन राय की 250वीं जयंती के अवसर पर महिला सशक्तिकरण को लेकर दौड़़ का हुआ आयोजन,नगर भवन स्तिथ उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया गया नमन





शिक्षा का सही उद्देश्य समाज में फैली कुरीतियों और अंधविश्वास को दूर करना है:उपायुक्त





प्रतिनिधि,चतरा। समाज सुधारक राजा राममोहन राय की 250वीं जयंती के अवसर पर महिला सशक्तिकरण को लेकर सोमवार को सुबह 7 बजे पोस्ट आफिस चौक से नगरपालिका कार्यालय (पुरानी कचहरी के गेट) तक सांकेतिक दौड़ का आयोजन किया गया। आयोजन के उपरांत उपायुक्त अबु इमरान ने नगर भवन स्तिथ उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया तथा नमन किया।मौके पर उपायुक्त ने अपने संबोधन में कहा कि समाज सुधारक राजा राममोहन राय को आधुनिक भारत के पहले शिक्षित व्यक्ति के रूप में परिभाषित किया जा सकता है।





उन्होंने बताया कि राजा राममोहन राय चतरा में बतौर सब रजिस्ट्रार कार्यरत रह चुके थे और यहां और इसके अलावा जहां भी वे पदस्थापित थे।उन्होंने समाज मे फैली कुरीतियों और अंधविश्वास को मिटाने के कार्य को प्राथमिकता देते हुए अपना जीवन बिताया था। उनसे प्रेरणा लेते हुए हमें भी अपनी शिक्षा का उपयोग समाज में फैली कुरीतियों और अंधविश्वास को मिटाने और एक नशा मुक्त समाज विकसित करने की जरूरत है। उनके द्वारा बताए गए इन्हीं पदचिन्हों पर चलकर महिलाएं जो समाज में फैली कुरीतियों और अंधविश्वास की मुख्य पीड़िता होती हैं।उन्हें शोषण से बचाया जा सकता है और महिला सशक्तिकरण का कार्य किया जा सकता है।





मौके पर उप विकास आयुक्त उत्कर्ष गुप्ता, चतरा के अनुमंडल पदाधिकारी मुमताज अंसारी, डीआरडीए निदेशक अरुण कुमार एक्का, सिविल सर्जन श्यामनंदन सिंह,योजना पदाधिकारी अनूप कुमार, जिला भू अर्जन पदाधिकारी गौरांग महतो, जिला शिक्षा अधीक्षक अभिषेक बड़ाइक, जिला शिक्षा पदाधिकारी दिनेश मिश्र समेत स्कूली छात्र छात्राएं एवं शिक्षक शिक्षिकाएं उपस्थित थे।