पटना | बिहार में राज्यसभा की खाली हो रही पाँच सीटों के लिए राजनीतिक बिसात बिछ चुकी है। इस बीच, एआईएमआईएम (AIMIM) के प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल ईमान और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की मुलाकात ने राज्य के सियासी गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। भले ही ईमान ने इस बातचीत को 'सकारात्मक' बताया हो, लेकिन समर्थन को लेकर अभी भी सस्पेंस बरकरार है।

मुलाकात और 'पॉजिटिव' संकेत

बुधवार को तेजस्वी यादव के 1, पोलो रोड स्थित सरकारी आवास पर यह महत्वपूर्ण बैठक हुई।

मुलाकात का आधार: राज्यसभा चुनाव में आरजेडी (RJD) उम्मीदवार अमरेंद्र धारी सिंह की जीत के लिए महागठबंधन को अतिरिक्त वोटों की जरूरत है।

अख्तरुल ईमान का बयान: मुलाकात के बाद ईमान ने कहा, "बातचीत सकारात्मक रही है। हम दलितों, पिछड़ों और अकलियत (अल्पसंख्यकों) के हितों के लिए लड़ने वाली ताकतों को मजबूत करना चाहते हैं।"

अंतिम फैसला: उन्होंने स्पष्ट किया कि वे इस चर्चा का पूरा ब्योरा पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष असददुद्दीन ओवैसी को देंगे और उन्हीं की हरी झंडी के बाद अंतिम घोषणा की जाएगी।

राज्यसभा का गणित: क्यों अहम है AIMIM?

बिहार में राज्यसभा की एक सीट जीतने के लिए कम से कम 41 विधायकों के समर्थन की आवश्यकता है।

विपक्ष की स्थिति: वर्तमान में विपक्षी खेमे (RJD, कांग्रेस, वामपंथी) के पास कुल 35-36 विधायक हैं।

AIMIM की ताकत: ओवैसी की पार्टी के पास 5 विधायक हैं। अगर ये 5 विधायक आरजेडी उम्मीदवार के पक्ष में वोट करते हैं, तो अमरेंद्र धारी सिंह की जीत की राह आसान हो जाएगी।

निर्णायक भूमिका: बिना AIMIM और बसपा (BSP) के सहयोग के विपक्ष के लिए पाँचवीं सीट जीतना लगभग नामुमकिन है।

सियासी समीकरण: एक नजर में

पक्षउम्मीदवारविधायकों का संख्या बल (अनुमानित)
NDAनीतीश कुमार, नितिन नवीन व अन्य202 (4 सीटों पर जीत तय)
महागठबंधनअमरेंद्र धारी सिंह36 (जीत के लिए 5-6 और चाहिए)
किंगमेकरAIMIM (5 विधायक)फैसला ओवैसी के पास सुरक्षित

इफ्तार और 15 मार्च का इंतजार

अख्तरुल ईमान ने संकेत दिया है कि आगामी 15 मार्च को आयोजित होने वाली इफ्तार पार्टी के दौरान गठबंधन और समर्थन की तस्वीर पूरी तरह साफ हो जाएगी। तब तक आरजेडी कैंप को ओवैसी के फैसले का इंतजार करना होगा।

क्या 'सीमांचल' की राजनीति करने वाली AIMIM, तेजस्वी यादव के साथ हाथ मिलाएगी या अपनी स्वतंत्र पहचान बनाए रखने के लिए कोई दूसरा रास्ता चुनेगी? यह देखना दिलचस्प होगा।