गुवाहाटी: असम के मुख्यमंत्री और भाजपा के कद्दावर नेता हिमंत बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को जालुकबाड़ी विधानसभा क्षेत्र से अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। नामांकन के साथ जमा किए गए चुनावी हलफनामे ने राज्य की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। हलफनामे के आंकड़ों के अनुसार, पिछले 10 वर्षों में मुख्यमंत्री के परिवार की संपत्ति में जबरदस्त उछाल आया है, जो अब ₹6.38 करोड़ से बढ़कर ₹35.15 करोड़ के पार पहुँच गई है।

नामांकन रैली: शक्ति प्रदर्शन और भावुक पल

नामांकन दाखिल करने से पहले मुख्यमंत्री ने गुवाहाटी के खानापारा से जिला निर्वाचन कार्यालय तक लगभग 5.6 किलोमीटर लंबी भव्य रैली निकाली। इस दौरान भारी जनसैलाब उमड़ा।

आशीर्वाद: नामांकन से पहले मुख्यमंत्री ने अपनी मां मृणालिनी देवी के पैर छूकर आशीर्वाद लिया।

साथी: इस मौके पर उनकी पत्नी रिनिकी भुइयां सरमा, बेटा नंदिल और सांसद बिजुली कालिता मेधी मौजूद रहीं।

संपत्ति का विश्लेषण: पत्नी के नाम बड़ा हिस्सा

हलफनामे के अनुसार, मुख्यमंत्री के परिवार की कुल संपत्ति में उनकी पत्नी रिनिकी भुइयां सरमा की हिस्सेदारी सबसे अधिक है। रिनिकी, जो 'प्राइड ईस्ट एंटरटेनमेंट' की मैनेजिंग डायरेक्टर हैं, के पास कुल ₹32.79 करोड़ की संपत्ति है।

मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की व्यक्तिगत संपत्ति:

चल संपत्ति: ₹2.36 करोड़।

नकद और बैंक: ₹2.28 लाख कैश और बैंक खातों में करीब ₹68 लाख।

सोना: 180 ग्राम (कीमत लगभग ₹25 लाख)।

विशेष बात: मुख्यमंत्री के नाम पर कोई निजी वाहन, जमीन या शेयर मार्केट में निवेश दर्ज नहीं है।

पत्नी रिनिकी भुइयां सरमा की संपत्ति:

निवेश: करोड़ों रुपये के शेयर, म्यूचुअल फंड और बीमा पॉलिसियां।

सोना: 1.45 किलो (कीमत ₹2 करोड़ से अधिक)।

अचल संपत्ति: ₹19.25 करोड़ के प्लॉट और मकान।

कर्ज: उनके नाम पर ₹15.91 करोड़ की देनदारी भी दर्ज है।

10 साल का सफर: आंकड़ों की जुबानी

मुख्यमंत्री के परिवार की संपत्ति में वृद्धि का ग्राफ काफी तेज रहा है:

2016 - 2026: संपत्ति ₹6.38 करोड़ से बढ़कर ₹35.15 करोड़ हुई (5 गुना वृद्धि)।

2021 - 2026: पिछले पांच वर्षों में ही संपत्ति लगभग दोगुनी हो गई है।

एक नजर में तुलनात्मक चार्ट

विवरणमुख्यमंत्री (हिमंत बिस्वा)पत्नी (रिनिकी भुइयां)
चल संपत्ति₹2.36 करोड़~ ₹13.54 करोड़
अचल संपत्तिशून्य (0)₹19.25 करोड़
सोना180 ग्राम1.45 किलोग्राम
वाहनकोई नहीं-
देयता (कर्ज)~ ₹95 लाख₹15.91 करोड़

निष्कर्ष: जालुकबाड़ी सीट से फिर से मैदान में उतरे हिमंत बिस्वा सरमा के लिए यह चुनाव न केवल सत्ता बचाने की चुनौती है, बल्कि विपक्ष द्वारा संपत्ति की पारदर्शिता पर उठाए जा रहे सवालों का जवाब देने की परीक्षा भी होगी।