रांची।झारखंड लोक सेवा आयोग की सातवीं से दसवीं संयुक्त सिविल सेवा प्रारंभिक (पीटी) परीक्षा रविवार को संपन्न हुई।दो पालियों में हुई परीक्षा में 65 से 67 फीसदी अभ्यर्थी शामिल हुए।



राज्य के सभी जिलों में बनाए गए कुल 1102 परीक्षा केंद्रों में 3 लाख 69 हजार 327 अभ्यर्थी शामिल होने वाले थे, लेकिन परीक्षा में करीब 2 लाख 47 हजार अभ्यर्थी ही शामिल हो सके। परीक्षा को लेकर उम्र सीमा के विवाद पर सरकार कल सुप्रीम कोर्ट में अपना जवाब देगी।



इससे पहले छठी जेपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा 18 दिसंबर 2016 में हुई थी औ इसका अंतिम परिणाम 21 अप्रैल 2020 को जारी हुआ था। कुल 252 पद के लिए हो रही सातवीं से दसवीं जेपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा राज्यभर में शांतिपूर्ण ढंग से हुई।



अभ्यर्थियों की मानी जाए तो दूसरे पेपर की अपेक्षा पहला पेपर आसान था। पहला पेपर सुबह 10 बजे से 12 बजे तक और दूसरा दोपहर दो बजे से शाम चार बजे तक हुआ। जेपीएससी अब प्रारंभिक परीक्षा के मूल्यांकन के बाद इसका परिणाम जारी करेगा। इसमें कुल 252 पदों से लगभग 15 गुना अभ्यर्थियों का चयन मुख्य परीक्षा के लिए किया जाएगा। मुख्य परीक्षा में कुल पदों के तीन गुने सफल अभ्यर्थियों का इंटरव्यू के लिए होगा।



आपको बता दें कि सातवीं से दसवीं जेपीएससी के लिए आवेदन फरवरी-मार्च 2021 में लिए गए थे और इसमें लगभग पांच लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था।विभिन्न कारणों से एक लाख से ज्यादा अभ्यर्थियों के आवेदन रद्द किए गए। सातवीं से दसवीं जेपीएससी की दो बार प्रारंभिक परीक्षा की तिथि जारी की गई, लेकिन विभिन्न कारणों की वजह से इसे स्थगित करना पड़ा। सबसे पहले दो मई को परीक्षा होनी थी,लेकिन कोविड-19 की वजह इसे स्थगित कर दिया गया और फिर 12 सितंबर को परीक्षा के आयोजन के संभावित तिथि घोषित की गई, लेकिन दूसरी परीक्षाएं होने की वजह से इसे बढ़ाकर 19 सितंबर को किया गया। सातवीं से दसवीं जेपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा ले ली गई, लेकिन परीक्षा में उम्र सीमा में छूट देने का मामला सुप्रीम कोर्ट में लंबित है। 21 सितंबर को इस मामले में सरकार को जवाब देना है। इसमें अभ्यर्थियों ने छठी से सातवीं जेपीएससी के बीच उम्र सीमा में छूट नहीं देने का मामला उठाया है। हालांकि झारखंड हाईकोर्ट में मामला रिजेक्ट होने के बाद वे सुप्रीम कोर्ट गए हैं।