विशेष संवाददाता
रांची। झारखंड मुक्ति मोर्चा नेता सुप्रियो भट्टाचार्या ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है।उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर आदिवासियों के साथ छलावा करने का आरोप लगाया है। उन्होंने गुरुवार को हरमू स्थित पार्टी के कार्यालय में संवाददाताओं को संबोधित करते हुए कहा है कि केंद्र सरकार द्वारा भले ही दिल्ली में आदि महोत्सव का आयोजन किया गया, लेकिन भाजपा ने आदिवासियों की हित कभी नहीं सोची।अचानक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आदिवासियों को लेकर इतने सक्रिय क्यों हो गए। नरेंद्र मोदी आदिवासियों की हित की बात करते नजर आ रहे हैं। आदिवासियों के द्वारा बनाए गए प्रोडक्ट को बाजार देने की बात कर रहे हैं,लेकिन इस तरह की सोच इसके पहले इनके पास कहां थी। पिछले 22 सालों से झारखंड में कभी आदिवासी महोत्सव नहीं मनाया गया, लेकिन सरना धर्म कोड पर केंद्र सरकार चुप है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आदि महोत्सव में सरना धर्म पर क्यों कुछ नहीं बोले।यह आदि धर्म मानने वाले और प्रकृति पूजक को व्यथित करता है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 1 दिसंबर 2022 को पीएम को पत्र लिखा, जिसमें वन अधिकार कानून की जगह फॉरेस्ट कंजरवेशन रूल को लागू करने पर सवाल उठाये थे। सीएम ने पूछा था कि इसकी क्या जरूरत पड़ गई है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने ट्राइबल उत्पाद खरीदने की बात कही। क्योंकि व्यापार उनका मनपसंद विषय है। लेकिन अडाणी पर कुछ नहीं बोलें। जनजातीय दिवस मनाने में 22 साल क्यों लग गए?





