अलीगढ़।अचल सरोवर पर 19 नवंबर को देव दीपावली धूमधाम से मनाई जाएगी।देव दीपावली पर यहां एक साथ 33 हजार 333 दीप जगमगाएंगे।इसके लिए अचल सरोवर और आसपास के मंदिरों में तैयारियां शुरू हो गई हैं। दीपावली के बाद देव दीपावली शहर में एक प्रमुख आकर्षण का उत्सव होता है।

आपको बता दें कि शहर में दीपावली के बाद देव दीपावली का आयोजन 2007 से 51 दीपों के साथ शुरू हुआ था और ये लगातार जारी है।इस बार भी 19 नवंबर को अचल सरोवर पर देव दीपावली का आयोजन किया जाएगा जिसमें 33 हजार 333 दीपक एक साथ जलेंगे।

अचल सरोवर के गिरिराज मंदिर के महंत कौशल नाथ ने बताया कि देव दीपावली के आयोजन को लेकर गिरिराज मंदिर के उपसभापति डॉ मुकेश शर्मा ने नगर आयुक्त से तैयारियों पर चर्चा की है।अचल सरोवर के चारों ओर साफ सफाई कराई जा रही है और लाइटों को ठीक कराया जा रहा है।देव दीपावली पर अचल सरोवर दीपों से ऐसे जगमगाता है कि इसकी छटा देखने लायक होती है।

चेतना आश्रम की महंत साध्वी पुनीता चेतन ने बताया कि दीप जलाने की इस परंपरा की शुरुआत 1985 में पंचगंगा घाट पर हुई थी। देव दीपावली देवताओं की दिवाली होती है, जो दीपावली के बाद मनाई जाती है।देव दीपावली पर भगवान वाराणसी में गंगा घाटों पर गंगा नदी में स्नान करने के लिए पृथ्वी पर अवतरित होते हैं। गंगा और इसकी अध्यक्षता करने वाली देवी का सम्मान करने के लिए कई मिट्टी के दीपक जलाए जाते हैं।