रांची। झारखंड मुक्ति मोर्चा के विधायक रामदास सोरेन द्वारा सरकार को गिराने की साजिश संबंधी दर्ज एफआईआर की जांच कर रहे हटिया के एएसपी रहे आइपीएस विनीत कुमार का तबादला कर दिया गया है।एएसपी राज्यसभा चुनाव में विधायकों की खरीद-फरोख्त से संबंधित मामले की भी जांच कर रहे थे।एएसपी के तबादले के बाद नए अधिकारी को जांच की जिम्मेदारी दी जाएगी।
चर्चित मामले में एएसपी के तबादले ने कई सवाल खड़े किए हैं। कहा जा रहा कि जांच में शिथिलता इसका एक कारण हो सकता है लेकिन कुछ इसे सामान्य प्रक्रिया बता रहे हैं। 2017 बैच के ही दो अन्य अधिकारी रीष्मा रमेशन व नाथू सिंह मीणा का भी तबादला हुआ है। विनीत कुमार 15 अक्टूबर 2019 से हटिया के एएसपी के पद पर पदस्थापित थे,अब उन्हें संचार एवं तकनीकी सेवा झारखंड का एसपी बनाया गया है।
धुर्वा थाने में झारखंड मुक्ति मोर्चा के घाटशिला विधायक रामदास सोरेन ने 12 अक्टूबर को एफआईआर दर्ज कराई थी। एफआईआर सरकार गिराने की साजिश रचने, राजद्रोह व भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम में दर्ज हुई थी। अभी तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई है। आठ दिनों बाद भी आरोपित रवि केजरीवाल तक पहुंचने में पुलिस नाकामयाब रही है, जबकि उसके खिलाफ कई गंभीर आरोप लगे हैं।
दूसरा केस राजधानी रांची के ही जगन्नाथपुर थाने में राज्यसभा चुनाव-2016 में हार्स ट्रेडिंग का है, जिसमें विशेष शाखा के तत्कालीन एडीजी अनुराग गुप्ता व पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास के राजनीतिक सलाहकार अजय कुमार आरोपित हैं। इन दोनों ही कांडों में भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम (पीसी एक्ट) लगा है। दोनों ही कांडों की जांच हटिया के एएसपी विनीत कुमार कर रहे थे।इनके तबाले के बाद अब हटिया में डीएसपी के पदस्थापन होने तक कांड की जांच पूरी तरह ठप रहेगी।
धुर्वा थाने में एफआईआर दर्ज होने के बाद से ही झामुमो से निष्कासित आरोपित रवि केजरीवाल का मोबाइल बंद है। विधायक रामदास सोरेन ने 12 अक्टूबर को रवि केजरीवाल व उनके सहयोगी अशोक अग्रवाल पर पार्टी छोड़ने के लिए प्रलोभन देने के मामले में राजद्रोह तथा भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम में एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस अब तक दोनों आरोपितों से पूछताछ नहीं कर सकी है।





